जिले में 52 पशु अस्पतालों में डॉक्टरों के खाली पदों के साथ Dispensary के 53 पदों में से 31 पद खाली
मानसा, 9 मई(संतोख सिंह सागर) - सत्तारूढ़ सरकार का प्राथमिक कर्तव्य राज्य के लोगों को स्वास्थ्य सुविधाओं की एक विस्तृत श्रृंखला प्रदान करना है लेकिन सरकार अपने मूल कर्तव्यों से भाग रही है। सरकारी अस्पतालों में डॉक्टरों की कमी, ऑक्सीजन की कमी, यह अब आम बात हो गई है। कोविड -19 की महामारी में सरकारी डॉक्टर इस्तीफा दे रहे हैं और पशु अस्पतालों में बड़ी संख्या में पद रिक्त होने के कारण पशु पालकों में काफी चिंता है।
सामाजिक कार्यकर्ता शिंदर सिंह गदरपति, अमरीक सिंह खालसा, हरदीप सिंह प्रधान, मनप्रीत सिंह, हरपाल सिंह और हरभजन सिंह जैसे किसान भाइयों ने हमारे संवाददाता से कहा कि में सरकारी पशु अस्पतालों (चिकित्सालयों) में डॉक्टरों के पद खाली होने के कारण, हम निजी डॉक्टरों से अपने पशुओं की छोटी और बड़ी बीमारियों का इलाज कराने के लिए मजबूर हैं, जो हमारे लिए बहुत महंगा है।
बोहा, बरेटा सिविल अस्पताल में कोई डॉक्टर नहीं है और न ही बरेटा पशु चिकित्सालय में कोई डॉक्टर है,
ग्रामीणों का कहना है कि हम ने कई बार सरकार से शिकायत की है कि हमारे अस्पतालों में डॉक्टर उपलब्ध कराए जाने चाहिए लेकिन सरकारें हमारी नहीं सुन रही हैं।
पशुओं के उपचार की उच्च लागत के कारण, आम आदमी पशुपालन के सहायक व्यवसायों से हो रहा है दूर
पशुओं के उपचार की उच्च लागत के कारण, आम आदमी पशुपालन के सहायक व्यवसायों से दूर हो रहा है। इस प्रकार मानसा जिले के ब्लॉक Budhlada के काहनगढ़,दातेवास सांघरेड्डी, कुलेरिया गांवों में कोई भी पशु चिकित्सक नहीं है। परिणामस्वरूप ग्रामीणों को काफी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।
पशुपालन विभाग के उप निदेशक अमरीक सिंह ने बताया कि
जिले में 52 पशु अस्पतालों में डॉक्टरों के खाली पदों के साथ Dispensary के 53 पदों में से 31 पद खाली हैं।
उन्होंने कहा कि जिले के तीनों सब डिवीजन मानसा,सरदूलगढ़, बुधलाड़ा में लंबे समय से वरिष्ठ पशु चिकित्सा अधिकारियों के पद खाली पड़े हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि सरकार हमारी समस्याओं पर कोई ध्यान नहीं दे रही है जिसकी भरपाई आगामी विधानसभा चुनावों में सरकार को करनी पड़ सकती है।
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विशेष संवाददाता संतोख सिंह सागर,
मोब: 98726-87380
पशुपालन विभाग के उप निदेशक अमरीक सिंह ने बताया कि
जिले में 52 पशु अस्पतालों में डॉक्टरों के खाली पदों के साथ Dispensary के 53 पदों में से 31 पद खाली हैं।
उन्होंने कहा कि जिले के तीनों सब डिवीजन मानसा,सरदूलगढ़, बुधलाड़ा में लंबे समय से वरिष्ठ पशु चिकित्सा अधिकारियों के पद खाली पड़े हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि सरकार हमारी समस्याओं पर कोई ध्यान नहीं दे रही है जिसकी भरपाई आगामी विधानसभा चुनावों में सरकार को करनी पड़ सकती है।
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